आज दिनांक 30/09/2021
आज मैं सुबह 5:50 बजे उठ गया था, सुबह जल्दी उठना मेरे लिए बहुत मुश्किल होता है शायद इसलिए भी क्योंकि मैं थोड़ा लेट सोता हूं। सुबह उठते ही सबसे पहले चाचाजी की डांट जैसा की हर रोज होता है, सुबह जल्दी उठो और ताजी वहा लो, धूप लो और सारे काम जल्दी निपटा लो। लेकिन आज की ज्यादातर युवा पीढ़ी ये कहां समझती है, उन्हें तो केवल अपने मोबाइल फोन और गर्लफ्रेंड/ब्वॉयफ्रेंड से प्यार होता है😅, गर्लफ्रेंड तो मेरे पास है नहीं तो फोन से ही प्यार है और मेरे कंप्यूटर्स से भी।
बता दूं की मैं पर्यावरण प्रेमी भी हूं, मुझे पेड़ पौधों और प्रकृति से केवल प्यार ही नहीं उन्हे जीता हूं मैं उनका खयाल भी रखता हूं। तो आज सुबह उठते ही सबसे पहले गार्डन की सैर किया और उनका प्यार लिया वहां बैठ कर।
खैर आज बहुत ही थकान वाला दिन रहा मेरे लिए, मैने बहुत बार ट्रेवल किया आज बहुत सारे काम थे, मेरी छोटी बहनों की परीक्षाएं चल रही तो उनको स्कूल छोड़ना, फिर चाचाजी को स्कूल छोड़ना क्योंकि वो अध्यापिका हैं। और तो और आज हॉस्पिटल भी जाना पड़ा, मेरे छोटे भाई जो 11 वर्ष का है और छोटी बहन जो 10 साल की है दोनो का तबियत ठीक नहीं था, दोनो को हॉस्पिटल ले जाना पड़ा इंजेक्शन लगे दवाई दी गई, भाई का बुखार कुछ ज्यादा ही था तो वक्त लिया ठीक होने में।
फिर मुझे अपनी बहनों को वापस लेने भी जाना था उसके बाद मेरे स्वर्गीय दादाजी के भाई यानी छोटे दादाजी के घर भी जाना था वहां पितृ पक्ष का अंतिम दिन था और कार्यक्रम था, चाचाजी भी स्कूल गए हुए थे तो मुझे ही जाना पड़ा। तो इस तरह से कई बार आना जाना लगा रहा, थोड़ा सिर दर्द भी है बट चलता है इतना।
काफी थक चुका था दादाजी के यहां से आने के बाद तो मैं जैसे सो ही गया ऑलमोस्ट 1 घंटे के लिए। एक बुरी चीज यही होती है की ज्यादा ट्रेवल हो जाता है तो सिर दर्द होना तय है। ऊपर से खाना इतना ज्यादा हो गया था कि दादाजी के यहां खाया ही नही जा रहा था, जैसे तैसे खा पाया। मेरा एक छोटा भाई भी साथ गया था उसने अच्छे से खाया।
तो आज सायद जल्दी सो जाऊं क्योंकि जब थकान होती है तो नींद जल्दी आ ही जाती है आप सबको पता ही होगा। बाकी और तो कुछ खास नहीं था आज बस इतना ही। तो किसी और दिन हाजिर होता हूं अपने बोरिंग से बातों के साथ अगर आपको अच्छा लगता है पढ़ना तो कमेंट में जरूर लिखें कुछ। अच्छा चलिए खयाल रखिए अपना सब जय हिंद जय भारत।😊